लेखनी प्रतियोगिता -24-Nov-2023
काश तुम मेरी होती
काश मैं तुम्हारा होता
हसता दिल तुम्हारा होता
ये रोशन जहां
टिमटिमाता तारा होता
जन्नत की चाहत अजीब होती
गर तेरे इश्क़ में फ़ना होता
हर आईने में दिखे चेहरा तेरा
तुम बिन चांद अधूरा होता
तुम जो मेरे साथ होती
फिर मंजिल हमारा होता
तेरी मुहब्बत बेपनाह झलकती
जो तू मेरी मैं तेरा दीवाना होता
बेगम तुम मेरी अप्सरा बनती
जब तेरे साथ निकाह होता
ख्वाइश तू बनती जब मेरी रानी
तेरे शहर में भी एक ताज होता
काश तुम मेरी होती
काश मैं तुम्हारा होता ।
Gunjan Kamal
24-Nov-2023 11:26 PM
👏🏻👌🏻
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